वसई (Ralivenews): नालासोपारा पूर्व इलाके में वसई-विरार महानगरपालिका परिवहन सेवा की बस और एक सड़क किनारे बैठे फेरीवाले के बीच हुई कहासुनी का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। इस घटना ने एक बार फिर अवैध अतिक्रमण और ट्रैफिक व्यवस्था के गंभीर मुद्दे को उजागर कर दिया है।
अतिक्रमण बना विवाद की जड़
प्राप्त जानकारी के अनुसार, नालासोपारा पूर्व के आचोला और तुलिंज थाना क्षेत्र में शाम के वक्त भारी भीड़ उमड़ती है। सड़क के दोनों ओर अनधिकृत रूप से बैठे फेरीवालों के कारण पहले से ही संकरी सड़कों पर यातायात का दबाव बढ़ जाता है। इसी दौरान एक बीएमटी बस चालक जब भीड़भाड़ वाले रास्ते से अपनी बस निकालने का प्रयास कर रहा था, तो रास्ते में खड़े फेरीवाले के साथ उसकी कहासुनी हो गई। मामला इतना बढ़ा कि दोनों पक्षों के बीच धक्कामुक्की तक नौबत आ गई।
वायरल वीडियो में दिखी झड़प
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, रास्ते में बनी बाधाओं से परेशान बस चालक और फेरीवाले के बीच पहले तीखी बहस हुई और फिर देखते ही देखते विवाद हाथापाई में बदल गया। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में दोनों को आपस में उलझते हुए स्पष्ट देखा जा सकता है। इस घटना के चलते कुछ देर के लिए इलाके की यातायात व्यवस्था पूरी तरह ठप पड़ गई और सड़क पर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। मौके पर मौजूद स्थानीय लोगों ने बीच-बचाव कर मामले को शांत कराया।
अतिक्रमण मुद्दा फिर आया चर्चा में
इस घटना के बाद नालासोपारा पूर्व स्टेशन परिसर, आचोला रोड और तुलिंज इलाके में बढ़ते अतिक्रमण और ट्रैफिक जाम का मुद्दा एक बार फिर गरमा गया है। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि शाम के वक्त हालात इतने विकट हो जाते हैं कि पैदल चलना भी मुश्किल हो जाता है। सड़क किनारे लगे अवैध ठेलों और दुकानों के कारण न केवल यातायात बाधित होता है, बल्कि आपातकालीन स्थिति में एम्बुलेंस और फायर ब्रिगेड जैसे वाहनों के लिए भी रास्ता निकालना चुनौती बन जाता है।
प्रशासन पर उठे सवाल, नागरिकों की मांग
घटना के बाद स्थानीय लोगों ने प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा है कि अवैध फेरीवालों और अतिक्रमण के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई न होने के कारण ऐसी घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। नागरिकों ने संबंधित विभागों से तत्काल सड़कों को अतिक्रमण मुक्त कराने और यातायात व्यवस्था को सुचारू बनाने की मांग की है। फिलहाल, वायरल वीडियो को लेकर क्षेत्र में चर्चा का माहौल है और लोग प्रशासन से ठोस और त्वरित कार्रवाई की अपेक्षा कर रहे हैं।







