---Advertisement---

वसई-विरार मनपा का गटर सफाई कार्य: करोड़ों का खर्च सिर्फ कागजों पर, बारिश में जलमग्न हो रहा शहर |

July 1, 2026 1:44 PM
---Advertisement---

मनपा का दावा बनाम जमीनी हकीकत

वसई-विरार शहर मनपा ने बरसात के दौरान जलजमाव की समस्या से निपटने के लिए गटर और नालों की सफाई पर करोड़ों रुपये खर्च किए हैं। मनपा अधिकारियों का दावा है कि क्षेत्र में नालों की सफाई शत-प्रतिशत पूरी हो चुकी है। लेकिन जमीनी हकीकत कुछ और ही बयां कर रही है। सफाई कार्य पूरा न होने के कारण शहर के ज्यादातर गटर और नाले पूरी तरह ब्लॉक हैं, जिसकी वजह से थोड़ी सी बारिश में भी शहर जलमग्न हो रहा है।

शहर के प्रमुख नाले ब्लॉक

वसई पूर्व का बाघराल पाड़ा, नालासोपारा पूर्व का धानिवबाग, नालासोपारा पश्चिम का समेलपाड़ा नाला, वसई एवरसाइन नाला, अलका पूरी में रेलवे लाइन से सटा नाला और सनसिटी रोड स्थित नाला सहित ज्यादातर मुख्य नाले पूरी तरह ब्लॉक हैं। इन नालों की सफाई न होने के कारण थोड़ी सी बारिश में पानी शहर में भर जाता है और नागरिकों को नारकीय जीवन जीने पर मजबूर होना पड़ता है।

नागरिकों का आरोप: भ्रष्टाचार का बोलबाला

स्थानीय नागरिकों ने मनपा अधिकारियों और ठेकेदारों पर गंभीर आरोप लगाए हैं। लोगों का कहना है कि भ्रष्टाचार में लिप्त अधिकारियों ने नाले और गटर सफाई पर हुए करोड़ों रुपये का खर्च सिर्फ कागजों पर पूरा कर लिया है। नागरिकों का आरोप है कि विभिन्न मदों में लिए जाने वाले टैक्स का उपयोग अधिकारी अपनी सुविधा के लिए कर रहे हैं, जबकि आम लोग बरसात के दिनों में भारी परेशानी झेल रहे हैं।

कांग्रेस नेता का आरोप

कांग्रेस के वसई-विरार वरिष्ठ उपाध्यक्ष आनंद प्रकाश चौबे ने आरोप लगाया कि वसई-विरार मनपा में भारी भ्रष्टाचार चल रहा है। उन्होंने कहा कि करोड़ों रुपये खर्च कर किया गया गटर सफाई कार्य सिर्फ कागजों पर हुआ है। मनपा अधिकारी भ्रष्टाचार में लिप्त हैं और कमीशन की लूट में व्यस्त हैं, इसलिए उनकी नजर किए जाने वाले कार्यों पर नहीं जाती। चौबे ने चेतावनी दी कि एक दिन की बारिश में शहर जलाशय में तब्दील हो गया है, यदि चार दिन लगातार बारिश हुई तो शहर के हालात और भी भयावह हो सकते हैं।

UBT नेता ने ठेकेदार और अधिकारियों को ठहराया जिम्मेदार

उद्धव बालासाहेब ठाकरे गुट के नेता सुरेंद्र सिंह (राज) ने कहा कि वसई-विरार शहर में नालों की सफाई में अधिकारी और ठेकेदार दोनों ही जिम्मेदार हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि ठेकेदार द्वारा किए गए कार्यों का निरीक्षण अधिकारी को करना चाहिए, लेकिन अधिकारी इसकी जहमत नहीं उठाते। नालों की आधी-अधूरी सफाई के कारण जलभराव की समस्या उत्पन्न हो रही है।

मनपा का जवाब

वसई-विरार शहर मनपा के मुख्य अधिशासी अभियंता प्रदीप पचांगे ने सफाई कार्य पूरा होने का दावा किया है। उन्होंने कहा कि गटर सफाई का कार्य पूर्ण किया जा चुका है। कुछ इलाकों के गटर में भरी जलकुंभी बाहर से बहकर आई है, जो बरसात के पानी के साथ खुद बह जाएगी।

Join WhatsApp

Join Now

Join Telegram

Join Now

Related Stories

Leave a Comment