पालघर:
महाराष्ट्र के पालघर जिले से एक बड़ी खबर सामने आ रही है। दहानू स्थित प्रसिद्ध महालक्ष्मी किले पर मूसलाधार बारिश के चलते भूस्खलन (Landslide) की घटना हुई है। पहाड़ी से मलबा गिरने के कारण महालक्ष्मी मंदिर की ओर जाने वाला मुख्य पैदल मार्ग बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे श्रद्धालुओं का आवागमन पूरी तरह से ठप हो गया है।
सुरक्षा के मद्देनजर आवाजाही पर पूर्ण प्रतिबंध
घटना की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई की है। सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए महालक्ष्मी किले और मंदिर परिसर में श्रद्धालुओं के प्रवेश पर अगले आदेश तक पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। प्रशासनिक अधिकारियों ने आम जनता और भक्तों से अपील की है कि वे सुरक्षा नियमों का पालन करें और फिलहाल इस क्षेत्र में जाने का प्रयास न करें।
मलबे में तब्दील हुए सुरक्षा घेरे, जनहानि से बचाव
लगातार बारिश और लैंडस्लाइड के कारण मार्ग पर स्थित कई विशाल पेड़ और बिजली के खंभे उखड़ गए हैं। इसके अलावा श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए रास्ते के किनारे लगाई गई लोहे की रेलिंग भी बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई है। राहत की सबसे बड़ी बात यह रही कि घटना के समय मौके पर अधिक भीड़ नहीं थी, जिससे किसी भी प्रकार की जनहानि या किसी के घायल होने की खबर नहीं है।
युद्ध स्तर पर शुरू हुआ मलबा हटाने का कार्य
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, पुलिस और संबंधित विभागों की संयुक्त टीमें मौके पर पहुँच गईं और स्थिति का जायजा लिया। स्थानीय ग्रामीणों और राहत कर्मियों के सहयोग से रास्ते से मलबा हटाने तथा क्षतिग्रस्त मार्ग की मरम्मत का कार्य युद्ध स्तर पर शुरू कर दिया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जब तक मौसम सामान्य नहीं हो जाता और मार्ग को पूर्णतः सुरक्षित घोषित नहीं कर दिया जाता, तब तक यात्रा स्थगित रखी जाए।











