वसई: पिछले सप्ताह हुई भारी वर्षा और बाढ़ की स्थिति के बाद वसई-विरार महानगरपालिका ने संक्रामक और जलजनित बीमारियों की रोकथाम के लिए एक विशेष स्वास्थ्य अभियान प्रारंभ कर दिया है। इस पहल के तहत स्वास्थ्य विभाग ने नगर निगम क्षेत्र में कुल 416 मेडिकल टीमें तैनात की हैं, जो घर-घर जाकर नागरिकों की स्वास्थ्य जांच और सर्वेक्षण का कार्य कर रही हैं।

नि:शुल्क दवा वितरण और विशेष स्वास्थ्य शिविर
अब तक नगर में 31 विशेष स्वास्थ्य शिविरों का आयोजन किया जा चुका है। इन शिविरों के माध्यम से नागरिकों को लेप्टोस्पायरोसिस (Leptospirosis) से बचाव के लिए डॉक्सीसाइक्लीन (Doxycycline) की गोलियां नि:शुल्क वितरित की जा रही हैं। इसके अतिरिक्त, आवश्यक सेवाओं में तैनात कर्मचारियों, पुलिस विभाग, महावितरण के कर्मियों और पत्रकारों के लिए भी विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाए गए हैं, जहां उन्हें आवश्यक चिकित्सा सहायता और दवाइयां प्रदान की गई हैं।

व्यापक सर्वेक्षण और प्रयोगशाला जांच प्रक्रिया
स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों के अनुसार, अब तक 64,821 घरों का स्वास्थ्य सर्वेक्षण किया जा चुका है। बुखार और अन्य स्वास्थ्य संबंधी लक्षणों से पीड़ित 1,121 व्यक्तियों के रक्त के नमूने परीक्षण के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं, ताकि समय रहते उचित उपचार सुनिश्चित किया जा सके।

स्वास्थ्य केंद्रों का समय बढ़ाया, मच्छरजनित बीमारियों पर नियंत्रण
बाढ़ से प्रभावित क्षेत्रों में सभी नगर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों और आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का संचालन समय बढ़ाकर सुबह 8 बजे से शाम 6 बजे तक कर दिया गया है। साथ ही, डेंगू और मलेरिया जैसी मच्छरजनित बीमारियों की रोकथाम के लिए जलभराव वाले स्थानों की निगरानी, लार्वा नष्ट करने और दवा छिड़काव के अभियान को तेज कर दिया गया है। स्वास्थ्य विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि बुखार या अन्य स्वास्थ्य संबंधी लक्षण दिखाई देने पर वे तुरंत निकटतम स्वास्थ्य केंद्र में जांच कराएं।





