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मुंबई में ‘फटका गैंग’ का भंडाफोड़: चलती ट्रेनों में मोबाइल छीनने वाले 8 आरोपी गिरफ्तार, 2 लाख के फोन बरामद |

June 10, 2026 4:23 AM
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मुंबई। रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) ने चलती ट्रेनों में यात्रियों को निशाना बनाने वाले कुख्यात ‘फटका गैंग’ के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। आरपीएफ ने इस गिरोह के 8 आरोपियों को गिरफ्तार किया है, जिनमें 4 सक्रिय झपटमार और 4 चोरी के मोबाइल खरीदने वाले रिसीवर शामिल हैं।

कैसे पकड़ी गई फटका गैंग?

पश्चिम रेलवे, मुंबई के महानिरीक्षक अजय कुमार सदानी और वरिष्ठ मंडल सुरक्षा आयुक्त संतोष कुमार सिंह राठौड़ के निर्देश पर यह विशेष अभियान चलाया गया। दोंडाईचा स्टेशन क्षेत्र में ट्रेनों की रफ्तार कम होने पर यात्रियों के हाथों पर फटका मारकर मोबाइल गिराने और चोरी करने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं। इसके बाद निरीक्षक नंदुरबार की निगरानी में एक विशेष टीम का गठन किया गया। टीम ने एक महीने तक संवेदनशील क्षेत्रों में निगरानी रखी और खुफिया जानकारी के आधार पर गैंग के चार सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया।

22 मोबाइल फोन बरामद, जीआरपी के हवाले किए आरोपी

पूछताछ के दौरान चोरी के मोबाइल खरीदकर उन्हें ठिकाने लगाने वाले चार अन्य आरोपियों का खुलासा हुआ, जिन्हें बाद में गिरफ्तार कर लिया गया। आरोपियों के कब्जे से अलग-अलग कंपनियों के 22 मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं, जिनकी अनुमानित कीमत 2 लाख 1 हजार रुपये है। आरपीएफ ने सभी आठ आरोपियों और बरामद सामान को आगे की कार्रवाई के लिए राजकीय रेलवे पुलिस (जीआरपी) नंदुरबार के हवाले कर दिया है। जीआरपी ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं और महाराष्ट्र पुलिस अधिनियम के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

यात्रियों और नेताओं ने की कार्रवाई की सराहना

इस कार्रवाई के बाद दैनिक यात्रा करने वाले यात्रियों ने राहत की सांस ली है। यात्रियों का कहना है कि ट्रेन के दरवाजे के पास खड़े लोगों को निशाना बनाने वाली इन घटनाओं से लंबे समय से डर का माहौल था। कांग्रेस नेता संजय मीणा ने भी आरपीएफ और जीआरपी की इस संयुक्त कार्रवाई की सराहना की। उन्होंने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए और ऐसे असामाजिक तत्वों के खिलाफ लगातार अभियान चलना चाहिए, ताकि लोग सुरक्षित यात्रा कर सकें।

आरपीएफ की यात्रियों से अपील

आरपीएफ ने यात्रियों से अपील की है कि वे ट्रेन के खुले दरवाजों या पायदान पर खड़े होकर यात्रा न करें। इसके अलावा, अपने मोबाइल और अन्य कीमती सामान को सुरक्षित रखें, क्योंकि ट्रेन की गति धीमी होने पर असामाजिक तत्व ऐसे यात्रियों को आसानी से निशाना बना सकते हैं।

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